
धनबाद नगर निगम चुनाव से पहले भाजपा को बड़ा झटका लगा है। पूर्व मेयर और भाजपा के वरिष्ठ नेता चंद्रशेखर अग्रवाल ने पार्टी से नाराज होकर झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) का दामन थाम लिया। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने दुमका में झारखंड दिवस के अवसर पर उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई।
चंद्रशेखर अग्रवाल धनबाद के पूर्व मेयर रह चुके हैं और भाजपा प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य भी थे।
नगर निगम चुनाव में उन्होंने धनबाद मेयर पद के लिए नामांकन भरा था।
हालांकि भाजपा ने उनके बजाय संजीव अग्रवाल का समर्थन किया, जिससे वे नाराज हो गए।
JMM में शामिल होने का कारण:
भाजपा द्वारा समर्थन न मिलने को उन्होंने अपमानजनक माना।
नगर निगम चुनाव निर्दलीय हो रहा है, लेकिन राजनीतिक दल अपने पसंदीदा उम्मीदवारों को समर्थन दे रहे हैं।
इसी असंतोष के चलते उन्होंने भाजपा छोड़कर JMM का दामन थाम लिया।
शपथ ग्रहण समारोह:
2 फरवरी को दुमका में झारखंड दिवस समारोह आयोजित हुआ।
इसी मंच पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने चंद्रशेखर अग्रवाल को JMM की सदस्यता दिलाई।
इस दौरान टुंडी विधायक मथुरा प्रसाद महतो समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद थे।
राजनीतिक महत्व
भाजपा के लिए झटका:
नगर निगम चुनाव से ठीक पहले भाजपा के कद्दावर नेता का पार्टी छोड़ना संगठन के लिए बड़ा नुकसान माना जा रहा है।
इससे भाजपा की चुनावी रणनीति प्रभावित हो सकती है।
JMM को फायदा:
धनबाद जैसे औद्योगिक और राजनीतिक रूप से अहम नगर में JMM की पकड़ मजबूत होने की संभावना है।
चंद्रशेखर अग्रवाल का स्थानीय स्तर पर अच्छा जनाधार है, जिससे JMM को चुनावी लाभ मिल सकता है।
आगे की संभावनाएँ
नगर निगम चुनाव में चंद्रशेखर अग्रवाल अब JMM समर्थित उम्मीदवार के रूप में उतर सकते हैं, हालांकि नीलम मिश्रा आज ही अपना नामांकन दाखिल की है. अब सवाल ये भी उठ रहा है की नीलम मिश्रा का क्या होगा.
भाजपा और JMM के बीच धनबाद में सीधी टक्कर की स्थिति बन सकती है।
यह घटनाक्रम झारखंड की राजनीति में भाजपा और JMM के बीच बढ़ती प्रतिस्पर्धा को और तेज करेगा।
News 93 Live से मुकेश सिंह की रिपोर्ट.



